मेरठ/बुलंदशहर (जेएनएन)। खुर्जा पुलिस और क्राइम ब्रांच की टीम ने शुक्रवार देर रात खुर्जा से एक आइएसआइ एजेंट को गिरफ्तार किया है। आरोपित मेरठ कैंट और हिंडन एयरबेस की जानकारी जुटाकर पाकिस्तान भेज रहा था। आरोपित से खुफिया विभाग के अलावा एटीएस के अधिकारी भी पूछताछ कर रहे हैं। कुछ दिन पहले ही मेरठ छावनी से सेना के सिपाही कंचन सिंह को पाकिस्तान के लिए जासूसी करने पर पकड़ा गया था।
इस्लामाबाद में रहा 
बुलंदशहर के एसपी क्राइम साहब रशीद खान ने बताया कि उन्हें सूचना मिली थी कि खुर्जा निवासी जाहिद पुत्र अलीम अंसारी वर्ष 2012 और 2014 में नौकरी की तलाश में पाकिस्तान के इस्लामाबाद गया था। इस दौरान उसने इस्लामाबाद में ही एक स्थान पर कमरा किराए पर लिया और रहने लगा। काम करते समय उसकी मुलाकात पाकिस्तानी खुफिया एजेंसी आइएसआइ के एक सदस्य से हुई। इसके बाद जाहिद को हजारों रुपये देकर वापस भेजा गया। मेरठ छावनी और गाजियाबाद के हिंडन एयरबेस की जानकारी जुटाने का टास्क दिया गया। वह 2015 से जानकारी जुटाकर पाकिस्तान भेज रहा था।
हर महीने मेरठ आता था 
पाकिस्तान आइएसआइ एजेंट जाहिद हर महीने मेरठ आता था। वह मेरठ कैंट के कई सैन्य इकाइयों के आसपास दिनभर मंडराता था और वाट्सएप कॉल करके मेरठ कैंट के क्षेत्र को पाकिस्तान में दिखाता था। खुर्जा पुलिस ने आरोपित का मोबाइल नंबर चेक किया तो पता चला कि उसके मोबाइल में पाकिस्तान के 19 नंबर सेव हैं। पुलिस और खुफिया जांच एजेंसी पता लगा रही है कि इनमें आइएसआइ सदस्यों के कितने नंबर हैं। शनिवार सुबह आरोपित से दिल्ली से भी एक जांच एजेंसी पूछताछ के लिए आ सकती है।
पाकिस्तान में की कॉल
खुर्जा निवासी जाहिद का मुख्य टारगेट मेरठ कैंट और गाजियाबाद स्थित एयर फोर्स का हिंडन एयरबेस था। इसलिए वह माह में तीन से चार बार मेरठ आता था और गाजियाबाद हिंडन एयरबेस पर सात से आठ बार जाता था। आरोपित के मोबाइल में मेरठ कैंट, गाजियाबाद हिंडन एयरबेस की कुछ तस्वीरें भी मिली हैं। वहीं उसने वाट्सएप और स्काइप कॉल के जरिए आरोपित ने कई बार पाकिस्तान में वीडियो कॉल की हुई है। पुलिस सूत्रों का कहना है कि आरोपित के पास से मिले मोबाइल में मेरठ के रहने वाले कई युवकों के नंबर भी मिले है, जो जांच के घेरे में है। इसके अलावा पुलिस यह भी पता लगाने में जुटी है कि हाल ही में पकड़े गए सेना के जासूस कंचन से तो उसका कोई संपर्क नहीं था। आरोपित के पास एक बैग मिला है, जिसमें मेरठ और गाजियाबाद जिले का नक्शा भी है। उसके पास से नकदी भी मिली है।
कम समय में ही बना लिया आलीशान मकान
पुलिस सूत्रों की माने तो जाहिद पर क्राइम ब्रांच पिछले कई माह से नजर रखे हुए थी। आसपास के लोगों से जानकारी जुटाई तो पता चला कि जाहिद बेहद गरीब हुआ करता था। वह मजदूरी करता था, लेकिन कम समय में ही उसने आलीशान मकान बना लिया। इसके बाद क्राइम ब्रांच बुलंदशहर को पता चला कि वह पाकिस्‍तान भी गया था। उसका नंबर सर्विलांस पर लेकर लगातार सुना गया तो शक यकीन में बदल गया कि आइएसआइ एजेंट है। फिलहाल पुलिस पूछताछ करने की बात कर रही है। उनका कहना है कि जाहिद से काफी कुछ अहम जानकारी हाथ लग सकती है, जो देश की सुरक्षा के लिहाज से बेहद अहम है।
खुर्जा पॉटरी में पेंटिंग करता था 
खुफिया एजेंसी की गिरफ्त में आया जाहिद नौवीं पास है। वह पॉटरी नगरी में क्राकरी उत्पादों पर पेंटिंग करता था। वह छह भाइयों में सबसे छोटा है और उसने अभी तक शादी नहीं की। परिजनों ने बताया कि आजादी के समय बंटवारे के दौरान उनके नाना-नानी, मामू पाकिस्तान चले गए थे। उनसे मिलने के लिए दो बार जाहिद पाकिस्तान गया था। लगभग दस वर्ष पहले उनके मामू भी उनसे मिलने के लिए खुर्जा आए थे। जाहिद के पकड़े जाने की खबर से उसके परिजन और पड़ोसी हैरान हैं। उनके अनुसार जाहिद पिछले गुरुवार से घर नहीं आया था। उन्हें यकीन नहीं हो रहा कि जाहिद किसी एजेंसी से संपर्क में होगा।